आँसू भरी तेरी आँखों ने देखा था एक नज़र
वो बादल आज भी बरस रहा है मेरी छत पर
तेरी बाहों ने समेटा था मुझे एक दफा
धूम मची है मेरी दुनिया में अब भी हर तरफ़
पुकारा था तेरी दुआ ने मुझे एक सुबह
खीचती है तेरी ओरे आज तक हर डगर
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